शेर की दहाड़ और लोमड़ी की चाल: क्या आप आधुनिक वर्कप्लेस के लिए तैयार हैं ?

निकोलस मैकियावेली ने अपनी अमर कृति ‘द प्रिंस’ में एक राजा के लिए एक बहुत ही अनूठी सलाह दी थी। उन्होंने कहा था :

“चूँकि एक राजा को यह जानना चाहिए कि जानवर की प्रकृति का उपयोग कैसे किया जाए, इसलिए उसे लोमड़ी और शेर दोनों को चुनना चाहिए, क्योंकि शेर खुद को जाल से नहीं बचा सकता और लोमड़ी खुद को भेड़ियों से नहीं बचा सकती”

आसान भाषा में कहें तो,सफलता के लिए केवल ताकत (शेर) काफी नहीं है,और न ही केवल चालाकी (लोमड़ी)। आज के कॉर्पोरेट जगत और करियर की दौड़ में यह संतुलन कैसे काम करता है, आइए समझते हैं..

1. शेर: साहस,अधिकार और मेहनत का प्रतीक

‘शेर’होने का मतलब है आपकी वह क्षमता जो लोगों को प्रभावित करती है, यह आपके काम की गुणवत्ता,आपकी निर्णय लेने की शक्ति और आपकी निर्भीकता है.

  • वर्कप्लेस में शेर: जब आप कठिन समय में जिम्मेदारी लेते हैं,अपनी टीम के लिए ढाल बनकर खड़े होते हैं,या बड़े प्रोजेक्ट्स को बिना डरे पूरा करते हैं,तो आप ‘शेर’ की भूमिका में होते हैं।
  • कमजोरी: शेर ताकतवर तो होता है,लेकिन वह ‘जाल’ (Traps) को नहीं देख पाता। ऑफिस की राजनीति में केवल कड़ी मेहनत करने वाले ‘शेर’ अक्सर उन षड्यंत्रों का शिकार हो जाते हैं जिन्हें वे देख नहीं पाते.

2. लोमड़ी: कूटनीति, निरीक्षण और चतुराई का प्रतीक

‘लोमड़ी’ होने का मतलब गलत होना या धोखेबाज होना नहीं है, इसका मतलब है ‘जागरूक’ (Aware) होना। लोमड़ी वह है जो अदृश्य खतरों को भांप लेती है.

  • वर्कप्लेस में लोमड़ी: यह वह व्यक्ति है जो ऑफिस की ‘अनकही’ राजनीति को समझता है। उसे पता होता है कि किसके साथ कब बात करनी है, कब चुप रहना है और कब अपने पत्तों को छिपाकर रखना है।
  • कमजोरी: लोमड़ी खतरों को तो पहचान लेती है, लेकिन उसके पास ‘भेड़ियों’ (बड़ी चुनौतियों) से लड़ने की सीधी ताकत नहीं होती। केवल चालाकी करने वाला व्यक्ति कभी बड़ा नेता नहीं बन पाता क्योंकि लोग उस पर भरोसा नहीं करते.

3. आधुनिक नेतृत्व का संतुलन (The Modern Balance)

आज के करियर में सफल होने के लिए आपको इन दोनों गुणों का मिश्रण बनना होगा:

गुणशेर जैसा व्यवहार (Lion)लोमड़ी जैसा व्यवहार (Fox)
दृष्टिकोणसीधे और स्पष्ट तरीके से लक्ष्य पाना।बाधाओं को पहचानना और कूटनीति से रास्ता बनाना।
ताकतउच्च प्रदर्शन (High Performance) और आत्मविश्वास।नेटवर्किंग और सूचनाओं का सही प्रबंधन।
उपयोगजब आपको रिजल्ट दिखाना हो या टीम का नेतृत्व करना हो।जब आपको ऑफिस की राजनीति या ‘जाल’ से बचना हो।

4. वर्कप्लेस राजनीति: जाल से कैसे बचें ?

मैकियावेली का यह सिद्धांत आपको एक बहुत बड़ा सबक देता है: केवल मेहनत (शेर) आपको बचा नहीं पाएगी।

अक्सर हम देखते हैं कि सबसे ज्यादा काम करने वाला व्यक्ति वहीं रह जाता है, जबकि कोई और प्रमोट हो जाता है। क्यों ? क्योंकि उस व्यक्ति ने ‘लोमड़ी’ की तरह यह नहीं देखा कि सफलता के लिए केवल काम करना काफी नहीं है, बल्कि उस काम की विजिबिलिटी (Visibility) और सही लोगों से संबंध बनाना भी जरूरी है..

5. व्यावहारिक सुझाव: इसे अपने जीवन में कैसे उतारें?

  1. शेर बनें (Deliver): अपने कौशल (Skills) को इतना मजबूत करें कि आपके बिना काम न चल सके। आपकी ‘दहाड़’ आपका काम होनी चाहिए।
  2. लोमड़ी बनें (Observe): ऑफिस के माहौल को समझें। कौन निर्णय ले रहा है? किसके पास असली ताकत है? आपके खिलाफ ‘जाल’ कहाँ बिछाए जा सकते हैं ?
  3. अनुकूलन (Adapt): जब काम की बात हो, तो शेर की तरह दहाड़ें , जब कूटनीति की बात हो, तो लोमड़ी की तरह शांत और चतुर रहें.

निष्कर्ष

मैकियावेली का ‘शेर और लोमड़ी’ का सिद्धांत हमें सिखाता है कि महानता केवल ईमानदारी या केवल चालाकी में नहीं है। महानता उस संतुलन में है जहाँ आप इतने ताकतवर हों कि कोई आपको डरा न सके, और इतने चतुर हों कि कोई आपको धोखा न दे सके.

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